इंडोर स्टेडियम में कृषि और खाद्य प्रसंस्करण सम्मेलन

दुमका। पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स की ओर से शहर के इंडोर स्टेडियम में कृषि और खाद्य प्रसंस्करण सम्मेलन विषय पर एक सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन का उद्घाटन मुख्य अतिथि जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक रमेश गुप्ता, विशिष्ट अतिथि खादी ग्रामोद्योग बोर्ड के सीइओ आर सी बेसरा, झारखंड मिल्क फेडरेशन के जीएम पवन मारवा और चैंबर आँफ कॉमर्स के सचिव मनोज कुमार घोष, पीएचडी चैंबर आँफ कॉमर्स के स्थानीय निदेशक मंतोष सिंह ने दीप प्रज्जवलित कर किया। मुख्य अतिथि रमेश गुप्ता ने कहा कि किसानों और उद्योग के लिये खाद्य प्रसंस्करण की नयी इकाई की स्थापना करना जरुरी है। बिल्डिंग और मशीन पर 45 फीसदी तक सरकार अनुदान देती ताकि छोटे छोटे उद्योगों की स्थापना हो सके। उद्घाटन सत्र में धन्यवाद ज्ञापन मनोज घोष ने किया।
उसके बाद दो तकनीकी सत्र आयोजित किये गये। पहले तकनीकी सत्र में *कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को लेकर सरकार की नीतियां, योजनाएं, नवाचार और आगे की रणनीतियां विषय पर आयोजित किया गया। सत्र में संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ वक्ता डेयरी इंजीनियरिंग कॉलेज हंसडीहा के प्राचार्य एवं कृषि विज्ञान केन्द्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा संजय कुमार ने कहा कि भारत में 65 फीसदी लोग कृषि से जुड़े है उन्होंने बताया कि पशुपालन, बकरीपालन, बत्तख पालन, बकरी पालन के माध्यम से किसान सशक्त हो सकते है।
झारखंड मिल्क फेडरेशन के पवन मारवा मेधा डेयरी ने कहा 40 हजार गौ पालक के साथ मेधा डेयरी दर्जनों उत्पाद बना रही है कोरोना में किसान से दूध की खरीददारी की गयी थी। खादी ग्रामोद्योग के आर सी बेसरा ने किसानों के विशेषज्ञों के साथ जुड़कर वृहद पैमाने पर काम करने की सलाह दी। आत्मा के परियोजना निदेशक देवेश सिंह ने दुमका कोल्ड स्टोरेज बनाकर कृषि उत्पादों को संरक्षित करने पर बल दिया। उसके बाद प्रतिभागियों के सवालों का जबाब दिया।
दूसरे तकनीकी सत्र में कृषि विज्ञान केन्द्र के डीन ए के द्विवेदी ने किसानों को गांव में सामूहिक रुप से बीज उत्पादन की सलाह दी। ऐजेडा के बिजनेस डवलपमेंट मैनेजर सुप्रभा मल्लिक ने कृषि उत्पादों के निर्यात के बारे में विस्तार से बताया। झारखंड राज्य स्टेट ग्रामीण बैंक के मैनेजर दीपक पाठक ने कहा कि अब बैंकों का दायित्व भी ग्रामीण विकास पर काम करना है। सही तरीके से ऋण लेकर किसान सबल हो सकते है। कार्यक्रम में पीएचडी चैंबर आँफ कामर्स के स्थानीय निदेशक मंतोष सिंह, रेसिडेंट अॉफिसर राहुल कुमार लाल के देख रेख कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सभी संबंधित विशेषज्ञ वक्ताओं, अतिथियों और पीएचडी चेंबर के संयोजक राणा दिग्विजय प्रताप सिंह को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में जहां एक ओर बड़ी संख्या में गांव के महिला पुरुष किसान और फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री से जुड़े व्यावसायी उपस्थित थे वहीं दूसरी ओर खाद्य प्रसंस्करण उद्योग से जुड़े बड़ी संख्या में शहर के व्यावसायी भी शामिल थे। कार्यक्रम में स्थानीय चेंबर कॉफी कॉमर्स के पदाधिकारियों एवं सदस्यों का भी अपेक्षित सहयोग मिला। मंच संचालन अशोक सिंह ने किया।

The short URL of the present article is: https://bharatbulletin.in/qvc5

Leave a Comment

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *