मांग नही पूरा होने पर,गुरुवार से टोटो की हड़ताल की संभावना
गिरिडीह। नगरनिगम का टैक्स अचानक दस रुपए से पंद्रह रुपए कर दिए जाने से शहर भर के टोटो चालको में नाराजगी है।लगातार संवेदक के द्वारा वसूली के लिए दबाव बनाया जा रहा है।वे सभी जनहित के मुद्दों पर सर्वदा जुझारू व लड़ाकू रहे भाकपा माले नेता राजेश सिन्हा के पास बार बार पहुंच रहे हैं। टोटो चालको की वस्तुस्थिति को देखते हुए श्री सिन्हा ने नगर आयुक्त को सोमवार को लिखित आवेदन दिया कि टोटो चालक और ऑटो चालक पहले पांच रुपया रोज नगर निगम को देते थे,फिर दस रुपए रोज किए गए, अब 1 मार्च से 15 रुपए कर दिए गए हैं,संवेदक का कहना है सरकार ने बढ़ाया है,नगरनिगम ने बढ़ाया है तो हम क्या करें। आवेदन में लिखा कि स्टैंड में सुविधाओ की भी बात की गई है। कहा कि स्टेंड में यात्री और चालक के लिए शेड नहीं है, बाथरूम नही है,यात्री और चालक को दिक्कत होती है,इसे जल्द बनाया जाय।रोज की रसीद जो काटा जा रहा है उसमे कोई नंबर नही रहता है, जिससे यह पता लगाना मुश्किल हो जाता है कि नगरनिगम की है या खुद की है।कहा कि जब झारखंड के अधिकतर नगरनिगम में टोटो से टेक्स नही ली जाती है तो गिरिडीह नगरनिगम क्यों लेता है।टोटो चालको ने कहा है कि गुरुवार छः अप्रैल से वे सभी लोग हड़ताल पर रहेंगे। सिन्हा ने कहा कि हड़ताल से स्कूली बच्चे,सवारी आदि काफी परेशान होंगे, इसलिए नगरनिगम,संवेदक और मोटर कामगार यूनियन आपस में बैठकर कुछ ठोस हल निकाले। माले नेता ने लिखित दिया है कि गिरिडीह में लगभग चार हजार परिवार इसी पर निर्भर करते हैं,परिवार इसी से चलाते है, जल्द पहल की जरूरत है।उन्होंने यह भी कहा कि जो टोटो वाले 18 साल से कम के है वह वाहन चलाना छोड़ दें,जो तेज चलाते है, तेज गाना बजा के टोटो चलाना छोड़ दे,जो बिना मतलब का आगे दो लोग बैठकर रोड पर सिर्फ इधर उधर घूमते हैं, अचानक रोड पर रुक कर जाम करते है,उसको मोटरकामगार यूनियन में जोड़ने से मना है।सिन्हा ने कहा, ट्रेफिक के नियमों का पालन करना सभी टोटो चालकों के लिए अनिवार्य होगा।