अनर्गल बयान बाजी करने में महारत हासिल है गोड्डा सांसद को
देवघर I लोकसभा चुनाव 2024 ज्यों-ज्यों नजदीक आ रहा है,भाजपा के साथ नरेंद्र मोदी की बैचेनी बढ़ने लगी है। अब तक चैन से सोए हुए सांसदों की सक्रियता बढ़ गई है। क्षेत्र में बड़े नेताओं को बुलाने का शिलशिला तथा ध्रुवीकरण की राजनीति शुरु कर दिए हैं। ये हाल गोड्डा लोकसभा के सांसद निशिकांत दुबे के साथ भी हो रहा है। अनर्गल बयान बाजी करने में महारत हासिल करने वाले गोड्डा सांसद के एक बयान का पलटवार करते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं जिला बीस सूत्री उपाध्यक्ष मुन्नम संजय ने कहा कि जिन्हें पटना में भ्रष्टाचारियों का जुटान दिख रहा है, उन्हें पता होना चाहिए कि यह जुटान देश के ऐसे महारथियों एवं जनशक्तियों का हो रहा है जो देश में नफरत फैलाकर सत्ता पर बैठी जनविरोधी तथा संविधान विरोधी केंद्र और राज्यों में भाजपा की सरकार को उखाड़ फेंकने वाले हैं। सिर्फ जुटान की खबर सुनकर भाजपा सांसद का सांस फूलने तथा होंठ सुखने लगा है। जबकि यह संकेत मात्र है, जलजला बाकि है। दुर्भाग्य इस देश का है जो यहां के प्रधानमंत्री अमेरिका में योग कर रहे हैं,वहीं इस नफरत भरी सत्ता के साए में मणिपुर जल रहा है। प्रधानमंत्री इस पर मौन धारण कर वहां का हजारों लोगों का कत्लेआम और घर गांव जलते देख रहे हैं। युक्रेन में युद्ध समाप्ति की बात करने वाले से देश के भीतर का युद्ध ही नहीं संभल रहा है। देश की जनता भाजपा की नीति को अच्छी तरह समझ चुकी है। धर्म की राजनीति पर देश को बांटने और सरकारी परिसंपत्तियों की लूटने,चंद पूंजीपति मित्रों के हितों के लिए काम करना, कमरतोड़ मंहगाई,बढ़ती बेरोजगारी आदि अनगिनत समस्याओं से आम जन वाकीफ ही नहीं त्रस्त हो चुकी है। जिसका परिणाम ही कर्नाटक चुनाव देखने को मिला है। भ्रष्टाचार कहने वाले खुद अपने को देखें कि कुछ वर्ष पूर्व एक झोला लेकर दिल्ली भागने वाले के पास कौन अल्लाउद्दीन का चिराग मिल गया,जिसे के बदौलत आज अकूत संपत्ति अर्जित कर ली है। जनता अब बेवकूफ नहीं बन सकती है। आनेवाले चुनाव में भाजपा की करारी हार होने वाली है। अब अपनी गठरी लेकर वापस जाने की तैयारी कर लें।