प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान की सफलता को लेकर बीडीओ ने चिकित्सकों के साथ की बैठक
बासुकीनाथ। प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान की सफलता को लेकर जरमुंडी प्रखंड को टीबी मुक्त प्रखंड बनाने के लिए शुक्रवार को जरमुंडी बीडीओ फुलेश्वर मुर्मू ने सीएचसी में प्रखंड प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डाक्टर रमेश कुमार सहित अन्य चिकित्सकों के साथ बैठक की। चिकित्सकों से टीबी मरीजों के मदद को लेकर चर्चा की। चिकित्सकों से दो-दो टीबी मरीज को गोद लेने की बात कही गयी। बीडीओ ने कहा कि भारत को टीबी मुक्त बनाने को लेकर सभी चिन्हित यक्ष्मा (टीबी) मरीजों को प्रतिमाह 500 रुपये उनके बैंक खाते में स्थानांतरित किये जाने की योजना है। जरमुंडी प्रखंड क्षेत्र के कुल 111 यक्ष्मा मरीजों के इलाज के लिए प्रखंड क्षेत्र में कार्यरत समाजिक कार्यकर्ता, शिक्षाविद, स्वयं सहायता समूह के सदस्य, विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि, निजी व्यवसाय, सामाजिक सरोकार से संबंधित लोग एवं समाज के प्रबुद्ध नागरिकों से इस अभियान में सहभागी बनने की अपील की गयी। बताया कि प्राथमिक या सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों पर टीबी के मरीजों के इलाज की नि:शुल्क सुविधा उपलब्ध है। जहां पर वह अपना इलाज करा सकते हैं। इसके साथ उनको नि:शुल्क दवा भी दी जाती है। जो नजदीक स्वास्थ्य केंद्रों पर उपलब्ध है। इससे टीबी के मरीजों को काफी सहूलियत होती है। कहा कि सामूहिक प्रयास से जरमुंडी को टीबी मुक्त प्रखंड बनाने का संकल्प है और इसीलिए टीबी रोग की रोकथाम के विभिन्न उपाय किए जा रहे हैं। बताया कि टीबी रोगी सघन खोज अभियान में टीबी के लक्षण मिलने पर उसके बलगम की जांच की जाती है, इसके साथ ही टीबी रोग पर नियंत्रण करने के लिए लोगों को सावधानियां बताते हुए जागरूक करने का प्रयास भी किया जा रहा है। कहा कि निक्षय मित्र बनकर राज्य में इलाजरत यक्ष्मा मरीजों को अतिरिक्त सहायता के लिए गोद भी ले सकते हैं। उन्होंने यक्ष्मा पीड़ितों की मदद के लिए निक्षय मित्र बनने व कार्यक्रम में सहभागी बनने की अपील की। इस मौके पर प्रखंड प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डाक्टर रमेश कुमार, चिकित्सक उमाकांत मेहरा, संजीव कुमार, प्रदीप कुमार, सामाजिक कार्यकर्ता निरंजन मंडल, कांग्रेस नगर अध्यक्ष रोहित रंजन सहित अन्य मौजूद थे।
The short URL of the present article is: https://bharatbulletin.in/bu0z