आवेदन देने के बाद भी घटनास्थल पर नहीं पहुंची प्रशासन
जमुआ। प्रखंड के नवडीहा ओपी क्षेत्र के गोरो पंचायत अंतर्गत जंगरीडीह में कुछ लोगो द्वारा दूसरे के खेत में धान काटने का मामला आया है। पीड़ित शंकर प्रसाद कुशवाहा ने अपने भाइयो द्वारा जबरन पीड़ित के खेत से धान काटने को लेकर नवडीहा ओपी में आवेदन देकर करवाई की मांग की। पीड़ित द्वारा थाने में करीब 2 बजे आवेदन दिया गया लेकिन देर शाम तक पुलिस नहीं पहुंची। इसी बिच आरोपियों द्वारा एक ट्रेक्टर धान काट कर ले जाया गया। पीड़ित परिवार थाने में बैठकर गुहार लगता रहा और इधर उनके खेत से धान काट कर ले जाया गया। आवेदन के आलोक में कहा गया है की पीड़ित के ससुराल पास के गांव बघेडीह में है जहा उनकी पत्नी के नाम से 60 डिसमिल जमीन है। जिस जमीन पर 1988 से ये खेती करते आ रहे है। इस वर्ष भी उस खेत में धान लगाया था। धान के कटाई का समय आते ही पीड़ित शंकर के सगे भाई भुनेश्वर महतो ,रामेश्वर महतो ,और अंतु कुमार ,अनूप वर्मा ,बिनोद प्रसाद वर्मा ,कैलसवा देवी , यशोदा देवी ,बलिया देवी ,बीरनवा देवी ,दिनेश कुमार वर्मा , अनीता देवी इत्यादि लोगो द्वारा गुरुवार 8 दिसम्बर 12 बजे जबरन धान काटने लगा। विरोध करने पर जान से मरने की धमकी दी गई। पीड़ित परिवार डर गया और नवडीहा ओपी प्रशासन आवदेन देकर गुहार लगाया। पीड़ित परिवार का कहना है की प्रशासन चाहती तो तत्काल करवाई करते हुए धान काटने से रोक सकती थी लेकिन प्रशासन मूक दर्शक बनी रही। वही इसी बिच आरोपियों द्वारा काफी धान काट कर ले जाया गया। इस घटना से साफ पता चलता है की नवडीहा ओपी प्रशासन अपनी जिम्मेवारी कितनी निष्ठा पूर्वक निभा रही है। वही सवाल यह भी खड़ा होता है की कही प्रशासन के संगरक्षण में तो यह सब नहीं हुआ । इस मामले को लेकर नवडीहा थाना प्रभारी चन्दन कुमार ने कहा की पीड़ित परिवार करीब चार बजे थाना आया था जिसके बाद वहां के चौकीदार से संपर्क करने की कोशिश की लेकिन संपर्क नहीं हो पाया। जिसके बाद वहां के मुखिया से बात हुई। मुखिया ने थाना प्रभारी को आश्वासन दिया है की इनलोगो का पुराना मामला है पंचायत में बैठकर कॉम्प्रमाइज करा दिया जायेगा।
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