झालसा रांची के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार, दुमका के अध्यक्ष संजय कुमार चन्द्धरियावी के आदेशानूसार आज न्याय सदन में पॉक्सो (POCSO )एक्ट के तहत डिस्ट्रिक्ट लेवल मल्टी स्टेक होल्डर कंसल्टेशन कार्यक्रम आयोजित किया गया। आयोजित कार्यक्रम मे जिला जज प्रथम, रमेश चंद्र, जिला जज द्वितीय प्रकाश झा, जिला जज तृतीय राजेश सिन्हा, जिला जज चतुर्थ धर्मेंद्र कुमार सिंह, जिला जज पंचम शत्रुंजय कुमार सिंह, डालसा सचिव, उत्तम सागर राणा, उपाधीक्षक, दुमका, आकाश भारद्वाज ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का विधिवत उदघाटन किया| कार्यक्रम मे POCSO एक्ट यानि प्रोटेक्शन ऑफ़ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफन्स एक्ट को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
पॉक्सो अधिनियम को भारत सरकार के महिला और बाल विकास मंत्रालय द्वारा वर्ष 2012 मे अधिनियमित किया गया था, जिसके अंतर्गत बाल यौन शोषण, यौन उत्पीड़न एवं पॉनोग्राफी के विरुद्ध कार्रवाई के लिये कड़े प्रावधान किये गये है, इसके उल्लंघन से जेल के साथ जुर्माने का भी प्रावधान है. कार्यक्रम मे पीड़िता को न्याय दिलाने के लिये किस तरह केस को फ्रेम करना है उसे बारीकी से बताया गया, साथ ही पीड़िता को मुआवजा दिलाने की दिशा मे कार्रवाई करने की बात को बताया गया।
कार्यक्रम के अंत में पोक्सो एक्ट के संबंध में ओपन सेशन भी रखा गया जिसके अंतर्गत जिला जज प्रथम ने पोक्सो एक्ट की कार्यप्रणाली तथा इसमें आने वाले बाधाओं के बारे में विस्तार पूर्वक समझाया। कार्यक्रम मे दुमका न्यायलय के सभी न्यायिक दंडाधिकारी के साथ मेडिकल ऑफिसर डॉ सुनिता टोपनो, बाल कल्याण समिति के सदस्य राजकुमार उपाध्याय, ग्राम ज्योति के सदस्य, संप्रेषण गृह के गृहपति अब्दुल गफ्फार, एलएडीसी सिकंदर मंडल, सरोज कुमार गोन मौजूद थे। कार्यक्रम का मंच संचालन सहायक एलएडीसी अंकित कुमार सिंह ने किया।