तपिन साउथ लोकल सेल में दो पक्षों के बीच मारपीट,पत्थरबाजी व आगजनी से कई लोग घायल

IMG-20230220-WA0050

चरही। चरही थाना अंतर्गत के सीसीएल हजारीबाग क्षेत्र के तापिन साउथ परियोजना के लोकल सेल में सोमवार को दो पक्षों के बीच हिंसक झड़प का मामला सामने आया। घटना में दोनों पक्षों के बीच मारपीट, रोड़ेबाजी व आगजनी भी हुई। घटना में कई लोग घायल भी हुए। हालांकि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया।  

क्या है लोकल सेल में विवाद का मामला
सीसीएल हजारीबाग क्षेत्र के तापिन साउथ परियोजना में संचालित लोकल सेल का इतिहास विवादों से घिरा रहा है। दो गुटों की वर्चस्व की लड़ाई के कारण सीसीएल प्रबंधन को लोकल सेल बंद करना पड़ा। एवं सीसीएल प्रबंधन द्वारा कहा गया कि दोनो गुटों के बीच जबतक आपसी सहमति नहीं बनती है तब तक लोकल सेल अनिश्चितकाल के लिए बंद रहेगा। रैय्यत विस्थापित मोर्चा जिसका प्रतिनिधित्व रामकिशोर मुर्मू व मन्नू टुडू कर रहे हैं जबकि विस्थापित प्रभावित संघर्ष मोर्चा का प्रतिनिधित्व शिवलाल महतो द्वारा किया जा रहा है। परंतु सीसीएल प्रबंधन द्वारा बिना सहमति कर जेएसएमडीसी का कोयला उठाव हेतु लोकल सेल को पुनः चालू किया गया। सीसीएल प्रबंधन के इस फैसले से एक पक्ष के लोगो में काफी नाराजगी थी। इनके द्वारा छः सूत्री मांग को लेकर पिछले 187 दिनों से निरंतर धरना प्रदर्शन के कर रहे थे। परंतु दूसरे पक्ष के लोग धरना स्थल पर पहुंच के धरना उठाने की अपील की इसी क्रम में दोनो गुटों के बीच तूतू मैंमैं शुरू हुई । एवं विवाद इतना बढ़ गया कि भीड़ उग्र हो गई, लोग हाथापाई पर उतर गए एवं धरना स्थल पर बना पंडाल को आग के हवाले कर दिया। इसके बाद विस्थापित प्रभावित संघर्ष मोर्चा के लोगों ने चरही घाटों मुख्य मार्ग को जाम कर दिया।

क्या कहते हैं लोकल सेल से जुड़े लोग
रैय्यत विस्थापित मोर्चा फुसरी के अध्यक्ष रामकिशोर मुर्मू ने कहा कि हमलोगो द्वारा दूसरे पक्ष से धरना उठाने के लिए विनम्र निवेदन किया गया। हमलोगों द्वारा कोई हिंसक कार्य नहीं किया गया है। न ही हमलोग ने मारपीट किया है और न ही पंडाल को जलाया। तीर धनुष हमलोग का पारंपरिक हत्यार है जो हमेशा साथ में रहता है। साथ ही सीसीएल प्रबंधन को निशाना बनाते हुए कहा कि कई दशक पूर्व जमीन अधिग्रहित करने के बावजूद भूमि के बदले नौकरी व मुआवजा रैय्यातो को नही दिया गया है।
पीड़ित पंचायत समिति सदस्य शक्ति देवी ने कहा कि दूसरे पक्ष के लोगों ने महिलाओं के साथ जमकर मारपीट किया है। मेरे साथ भी अभद्र व्यवहार करते हुए मारपीट किया।
वहीं विस्थापित प्रभावित संघर्ष मोर्चा के सदस्य रौशनी देवी ने कहा कि शांतिपूर्ण ढंग से धरना प्रदर्शन कर रहे थे तभी दूसरे पक्ष के लोग आकर मेरे साथ मारपीट किया एवं जेवरात की छिनतई भी किया।
The short URL of the present article is: https://bharatbulletin.in/of50

Leave a Comment

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *