डुमरी। डुमरी प्रखंड में डोर टू स्टेप डिलीवरी सिस्टम में लापरवाही एवं मनमानी पूरी तरह से हावी है, जिसपर अंकुश लगाने में संबंधित विभाग असफल होता दिख रहा है।पुराना प्रखंड कार्यालय परिसर स्थित खाद्यान्न वितरण गोदाम में भ्रष्टाचार और मनमानी पूरी तरह से हावी है।गोदाम के कर्मी बिना एजीएम के उपस्थिति में चावल को वाहनों में लोड किया जा रहा था, जिसकी जानकारी होने पर क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता रोहित कुमार एवं गंगाधर महतो गोदाम पहुंचे तो शिकायत को सही पाया। हालांकि दोनों सामाजिक कार्यकर्ताओं के पहुंचने की सूचना पाकर आनन फानन में गोदाम पहुंचे प्रभारी एमओ राजेश्वर महतो से जब एजीएम की अनुपस्थिति के बारे में पूछा गया तो बताया गया कि एजीएम गिरिडीह गये हैं। परंतु जब एजीएम की अनुपस्थिति की लिखित जानकारी दिये जाने के बारे में पूछा गया तो बताया कि लिखित जानकारी नहीं दिये हैं। जबकि नियम यह है कि गोदाम से चावल व खाद्यान्न वाहनों में लोड करते समय एजीएम को उपस्थित रहना है।दोनों सामाजिक कार्यकर्ताओं ने कहा कि गोदाम संचालक की मनमानी व लापरवाही नहीं चलने दिया जाएगा। आवश्यक सुधार नहीं हुआ तो धरना प्रदर्शन भी किया जाएगा। क्योंकि क्षेत्र के गरीबों के खाद्यान्न में हकमारी किसी को नहीं करने दिया जाएगा।यहां बतांदें कि एजीएम की मनमानी एवं डीलरों को दी जाने वाली अनाज के बोरियों में किलो दो किलो कटौती करने का मामला हमेशा पंसस की बैठकों व अन्य बैठकों में उठता रहता है।
The short URL of the present article is: https://bharatbulletin.in/swoz