बांग्लादेशी घुसपैठ और संताल परगना के बदलते डमोग्राफी की जांच करेगा आयोग

*राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) की तीन सदस्यीय टीम 11 से 13 अगस्त तक संथाल परगना क्षेत्र का दौरा करेगी। टीम में डॉ. आशा लकड़ा, जाटोतु हुसैन और निरुपम चाकमा शामिल हैं।

26 जुलाई की रात को पाकुड़ के केकेएम कॉलेज के छात्रावास परिसर में पुलिस द्वारा आदिवासी छात्रों की पिटाई की गई थी। इसके अलावा, 18 जुलाई की शाम महेशपुर प्रखंड के गायबथान गांव में जमीन विवाद के चलते बाबुरजी हेंब्रम के बीच मारपीट हुई थी।

28 जुलाई को एनसीएसटी ने इस मामले में झारखंड के मुख्य सचिव एल ख्यिांग्ते, महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक अनुराग गुप्ता, पुलिस अधीक्षक पाकुड़, और उपायुक्त पाकुड़ से जांच कर तीन दिनों के भीतर रिपोर्ट मांगी थी।

रिपोर्ट मिलने के बाद, आयोग ने तीन सदस्यीय टीम को 11 से 13 अगस्त के बीच संथाल परगना क्षेत्र में बदल रही डेमोग्राफी की जांच के लिए भेजने का निर्णय लिया है। इस संबंध में जानकारी एनसीएसटी के एक सदस्य के निजी सहायक विवेक कुमार ने दी।

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