पाकुड़। आंगनबाड़ी सेविका और सहायिका ने 7 सूत्री मांगों को लेकर सोमवार 12 दिसंबर को उपायुक्त कार्यालय के समीप धरना दिया। धरना में जिले के सभी प्रखंडों से सैकड़ों की तादाद में सेविका और सहायिकाओं ने भाग लिया। धरना का नेतृत्व करते हुए संघ के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष बालमुकुंद सिन्हा ने कहा कि मानदेय व पोषाहार की राशि उपलब्ध नहीं होने से आंगनवाड़ी केंद्रों में 3 से 6 वर्षों के बच्चों को पका हुआ नाश्ता व खिचड़ी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। दूसरी तरफ विभाग के पदाधिकारी लगातार धमकी पोषाहार नहीं चलाने पर चयन मुक्त करने की धमकी दे रहे हैं। बालमुकुंद सिन्हा ने कहा कि सभी प्रखंडों के सेविका व सहायिकाओं को 5 महीने से मानदेय का भुगतान नहीं हुआ है। सीडीपीओ के मौखिक आदेश पर सेविकाओं ने अपने निजी खर्च पर 21 महीना तक पोषाहार चलाया। आंगनबाड़ी केंद्रों के मकान किराया तीन साल से बकाये हैं। गोद भराई कार्यक्रम भी सेविकाओं के निजी खर्च पर चल रहा है। बालमुकुंद सिन्हा ने सेविका व सहायिकाओं को जल्द भुगतान करने और मृत्यु होने पर प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा का लाभ देने की मांग की गई धरना के दौरान उपायुक्त को मांग पत्र सौंपा गया। धरना प्रदर्शन में जिला अध्यक्ष रूथ किस्कू, जिला कार्यकारी संयोजक नाजिर हुसैन, सहीदून बीबी, प्रखंड सचिव पाकुड़ आशा मरांडी, प्रखंड अध्यक्ष पाकुड़ विद्या देवी, प्रखंड अध्यक्ष हिरणपुर कौशल्या देवी, प्रखंड अध्यक्ष महेशपुर साबित्री मरांडी सहित सैकड़ों सेविका व सहायिका उपस्थित थी।
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