कोलियरी सुरक्षा कर्मियों की मिलीभगत से नही किया जा सकता है इंकार
चितरा I एस पी माइंस चितरा कोलियरी से कोयला की चोरी परवान पर है। दिन रात चितरा कोलियरी के कोल डंप से साइकिल और मोटरसाइकिल से धड़ल्ले से कोयला ढोया जाता है । गिरजा स्थित कोल डंप में रात होते ही साइकिल और मोटरसाइकिल लोड कर कोयला निकाला जाता है। बताते चलें कि चितरा कोलियरी की सुरक्षा में तीन एजेंसियां लगी हुई है सीआईएसएफ, होमगार्ड और ईसीएल की सुरक्षा एजेंसी। लेकिन चितरा कोलियरी के विभिन्न जगहों से कोयले की चोरी अनवरत जारी है।इसमें सुरक्षाकर्मियों की संलिप्तता से इनकार नहीं किया जा सकता। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार सबसे ज्यादा कोयले की चोरी गिरजा कोल डम्प , 7 नम्बर कोल डंप और तीन नंबर से होती है। गिरजा कोल डंप में रात होते ही कोयला चोरों का जमावड़ा लगने लगता है। यहां पर तैनात सुरक्षाकर्मी कोयला चोरों से एक तय रकम लेकर कोयला चोरी करने देते हैं।उपर्युक्त जगह से कोयला निकालकर विशेष चिन्हित जगह पर कोयले को एकत्रित किया जाता है।जहां से साइकिल और मोटरसाइकिल के माध्यम से अन्यत्र भेजा जाता है। हालांकि कभी-कभी इसीएल सिक्योरिटी और सीआईएसएफ संयुक्त छापामारी कर भारी मात्रा में अवैध कोयला जब्त करता है। यहां सबसे बड़ा सवाल उठता है कि इतने सुरक्षा कर्मी के रहते कोयला कोल डंप से बाहर कैसे निकल जाता है। इसकी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिये।