आई पी एस विकास वैभव के द्वारा अस्तित्व फाउंडेशन को प्रेरणा श्रोत सम्मानत से किया गया सम्मानित

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पटना मे बिहार दिवस के अवसर पर सम्मान समारोह का आयोजन किया गया जिसमे बिहार के 38 जिले से लोगो को चिनिहित कर उन्हे सम्मानित किया गया ! इस कार्यक्रम आईपीएस विकास वैभव के मार्गदर्शन में इस बार बिहार अभियान के दूसरे वार्षिकोत्सव को ऊर्जा भवन सभागार में आयोजित किया गया। इस आयोजन पर वरिष्ठ पत्रकार स्वयं प्रकाश, कन्हैया भेलारी ,भवन सिंह, शिवपूजन झा और ज्ञानेश्वर उपस्थित थे। शिक्षाविद कुमार अरुणोदय ने भी सभागार को संबोधित किया।  मंच और सभागार में उपस्थित लोगों के प्रति आभार प्रकट किया गया और दीप जलाकर कार्यक्रम की बिधिवत शुरूवात की गयी  बिहार की कुल आबादी की 67.2 प्रतीसत आबादी युआवो की है। उर इनकी ऊर्जा अलग अलग दिशाओं में लग रही हैं। यहीं कारण हैं की मानवीय संवेदनाओं में गिरावट आ गई है। इसी को ध्यान में रख कर आईपीएस विकास वैभव ने यूआवो से आह्वान किया की संघर्ष नही सहयोग करे। 

बिहार की आने वाली पीढी के लिए हमलोग दिन का एक घंटा तो मातृभूमि को समर्पित कर ही सकते हैं।    विकास वैभव ने  बताया कि हमारा उद्देश है कि एक बड़ा मंच स्थापित करना जहां बिहार के प्रत्येक क्षेत्र से अनुभवी और जिन्होंने  राज्य के अलग अलग  क्षेत्र में अच्छा काम किया है उन्हें एक कार्यक्रम के माध्यम से सम्मानित करना  ताकि उन्हें भी  क्षेत्र में सामाजिक कार्य करते रहने की प्रोत्साहन और प्रेरणा मिले ! और इसी कड़ी मे बिहार लेवल पे कार्यरत अस्तित्व को समाजसेवा के क्षेष्ट्र मे उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रेरणा श्रोत सम्मान से सम्मानित किया गया के नरकटियागंज के दिउलिया निवासी स्वास्थ्य विभाग मे कार्यरत सुरेश मिश्रा के पुत्र राजु मिश्रा ने इस अस्तित्व को  कोरोना के समय से    हि राजू मिश्रा अपने पढाई के साथ सान एक ऐसा प्लेटफॉर्म बनाया की जिससे अभी तक दस हजार से ज्यादा लोगो का नई जिंदगी मिली हैं और ये प्लेटफॉर्म अस्तित्व -ए वॉइस ऑफ इंस्पिरेशन के नाम से चलाया जाता हैं जिस से अभी तक पंद्रह हजार से ज्यादा सदस्य जुड़ गए हैं सम्मान लेने के बाद राजु मिश्रा ने बताया की वो अपने मेडिकल के पढाई के साथ साथ  अपने चंपारण का नाम देश बिदेश मे रौशन करना चाहते हैं और उन्होंने बताया की आज बिहार मेडिकल हब बनता जा रहा है पड़ोसी राज्य समेत पड़ोसी देश के लोग यहां इलाज कराने आते हैं और साथ ही यहां के सम्मानित अच्छे डॉक्टर द्वारा काफी लोगों की मदद की जा रही है,  आज उन लोगों को भी सम्मानित किया जाता है जो अपने प्रोफेशनल काम के अलावा  असहाय मरीजों का निशुल्क इलाज करते है,  डॉक्टर को भगवान का दूसरा रूप माना जाता है और हमें यह बताते हुए गर्व है कि बिहार के प्रतिभावान डॉक्टर आज देश  में हर जगह  है और बिहार राज्य का नाम रोशन कर रहे हैं साथ ही बिहार में बसे प्रसिद्ध चिकित्सकों द्वारा लगातार अपने काम के अलावा निशुल्क इलाज और समय-समय  पर लोगों को जागरूक भी करते आ रहे है कोरोना  काल में चिकित्सकों द्वारा किए गए व्यापक कार्य एवं सहयोग के लिए उन्हें धन्यवाद दिया और कहा कि उस विविधता से जिस तरह चिकित्सकों ने संगठित होकर बिहार समेत देश की सेवा की उसे कभी नहीं भुलाया जा सकता है !

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