पुलिस के जूते से कुचलकर नवजात की मौत का मामला
गिरिडीह। जिले में देवरी थाना क्षेत्र के कोशोगोंदो दिघी गांव में चार दिन पूर्व जन्मे नवजात बच्चे की मौत पुलिस के जूते से कुचलकर हो जाने का मामला सामने आया है। घटना से जहां परिजनों में मातम है, वहीं परिजनों व ग्रामीणों में पुलिस के खिलाफ आक्रोश व्याप्त है। परिजनों का आरोप है कि नवजात की मौत वारंटी की तलाश में आई देवरी पुलिस के कुचले जाने से हुई है। इसे लेकर मृत नवजात के पिता ने देवरी पुलिस के खिलाफ लिखित शिकायत भी की है। साथ ही उन पर मारने व शिकायत न करने की धमकी देने का भी आरोप लगाया है। इधर घटना की जानकारी मिलने के बाद वरीय अधिकारियों के निर्देश पर जांच शुरू हो गई। मौके पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मुकेश कुमार महतो व इंस्पेक्टर सहदेव प्रसाद पहुंच कर जांच में जुट गए। जानकारी देते हुए मृत नवजात के परिजनों ने बताया कि भूषण पांडेय को गिरफ्तार करने के लिए बुधवार की अहले सुबह देवरी थाना प्रभारी संगम पाठक के नेतृत्व में पुलिस की टीम उनके घर आई थी।पूरे घर में भूषण पांडेय को खोजा जा रहा था। पुलिस को देखते ही सभी सदस्य घर को छोड़ कर निकल गए थे। इस दौरान चार दिन पूर्व जन्मा नवजात ही घर के कमरे में बिस्तर पर सो रहा था। पुलिस के जाते ही जब वे घर पहुंचे तो बच्चे के शरीर में कोई हलचल होते उन्हे नही मिला। बताया जा रहा है कि खोजबीन के दौरान किसी पुलिस वाले के पैर के नीचे दबने से मासूम की मौत हो गई।वहीं मृत नवजात के दादा सह वारंटी भूषण पांडेय का कहना है कि पुलिस को आता देखकर वह घर छोड़ कर भाग गया था। जिसके बाद पुलिस घर के एक एक कमरे की तलाशी लेती रही। नवजात को छोड़ महिला भी कमरे से बाहर निकल गई। जिसके बाद पुलिस कर्मी नवजात के कमरे में भी पहुंच कर उसे तलाशती रही। पुलिस द्वारा नवजात के चौकी पर भी चढ़कर घर के ऊपरी हिस्सों की तलाशी लिया जाता रहा।आरोप है कि इसी क्रम में बिस्तर पर सोए नवजात बच्चे को भी पुलिस ने कुचल दिया। जिससे उसकी मौत हो गई।इधर डीएसपी संजय राणा ने बताया कि पूरी घटना की पड़ताल की जा रही है। जांच के पश्चात ही आगे की कार्यवाही की जाएगी।