विद्यालय का औचक निरीक्षण: चावल के अभाव में तीन दिनों से मध्याह्न भोजन बंद होने की मिली जानकारी
विद्यालय हो या आंगनबाड़ी केंद्र, नामांकन के अनुपात में छात्रों की उपस्थिति होनी चाहिए: बसंती देवी
छात्रों के पठन-पाठन एवं मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता सुनिश्चित होनी चाहिए प्रखंड प्रमुख
जरमुंडी प्रखंड प्रमुख ने विद्यालयों व आंगनबाड़ी केंद्रों का किया औचक निरीक्ष
बासुकीनाथ। प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों व आंगनबाड़ी केंद्र में नामांकित छात्रों के अनुपात में छात्रों की उपस्थिति होनी चाहिए। मध्याह्न भोजन चार्ट की अनुसार मिले, मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता भी बरकरार रहे, ताकि छात्रों को स्वादिष्ट, रुचिकर एवं पौष्टिक आहार प्राप्त हो सके। छात्रों के लिए पठन-पाठन के साथ-साथ पौष्टिक आहार भी बेहद आवश्यक है। उपरोक्त बातें प्रखंड प्रमुख बसंती देवी ने शनिवार को जरमुंडी प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों व आंगनबाड़ी केंद्रों के औचक निरीक्षण के दौरान कही। इस दौरान विभिन्न विद्यालयों में शनिवार को मध्याह्न भोजन की गुणवत्ता भी देखी। इस दौरान प्राथमिक विद्यालय मोहनपुर में कुल नामांकित 55 बच्चों में 22 बच्चे उपस्थित पाए गए। उपस्थित छात्रों ने बताया कि पिछले तीन दिनों से विद्यालय में मध्याह्न भोजन योजना बंद है। जबकि विद्यालय में प्रतिनियुक्त शिक्षक रामजतन मंडल ने बताया कि चावल खत्म होने के कारण पिछले तीन दिनों से खाना नहीं बना है। प्रखंड क्षेत्र के आंगनवाड़ी केंद्र महेशलिटी के औचक निरीक्षण के दौरान केंद्र की सेविका जूही कुमारी एवं सहायिका नदारद दिखी। केंद्र के बाहर बरामदे में चार पांच बच्चे खेल रहे थे। इस मौके पर ग्राम प्रधान चरण किस्कू, ग्रामीण चांदमूनी बास्की, सुनीता हेंब्रम ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका जूही कुमारी महीने में चार-पांच दिन ही जाती है। आंगनबाड़ी केंद्र के निरीक्षण की खबर की जानकारी मिलने पर सहायिका पहुंची। इस मौके पर बच्चों ने बताया कि उन्हें खाना एवं नाश्ता भी नहीं मिला है। इसके अलावा आंगनबाड़ी केंद्र बेलडीह के बच्चों ने भी एक – एक स्वेटर ही मिलने की बात कही। इसके अलावा आंगनबाड़ी केंद्र खेरबांध में भी सेविका को अनुपस्थित पाया गया। केंद्र के बाहर चार- पांच बच्चे खेल रहे थे। बच्चों ने बताया कि केंद्र की सेविका नौ बजे से ही गायब है। यहां गांव के ही कुछ बच्चियां खुद से ही खाना बना रही थी। विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्र में आंगनबाड़ी सेविका के अनुपस्थित रहने को लेकर प्रखंड प्रमुख ने बाल विकास परियोजना पदाधिकारी पूनम टोप्पो को जानकारी देते हुए संबंधित आंगनबाड़ी केंद्र की सेविका व सहायिका पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया। इसके अलावा प्रखंड प्रमुख ने ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित उप स्वास्थ्य केंद्र, आंगनबाड़ी केंद्र एवं मनरेगा द्वारा संचालित विकास योजनाओं को देखा। उन्होंने आवास योजना के लाभुकों को ससमय आवास पूर्ण कराने की बात कही। संबंधित पंचायत के पंचायत सचिव व रोजगार सेवक को पंचायत क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों में स्थानीय मजदूरों को रोजगार देने की बात कही ताकि मजदूरों के पलायन को रोका जा सके। इस दौरान प्रखंड प्रमुख ने प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न विद्यालय, आंगनबाड़ी केंद्र, उप स्वास्थ्य केंद्र आदि का निरीक्षण किया। इस मौके पर संबंधित पंचायत के पंचायत सचिव, रोजगार सेवक, समाजिक कार्यकर्ता मंसू मरांडी व स्थानीय ग्रामीण मौजूद थे।
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